ट्रिपल इंजन की सरकार में रायपुर निगम का 272 करोड़ रुपये अटका
नेता प्रतिपक्ष आकाश तिवारी ने महापौर पर साधा निशाना, कहा- अपने ही सरकार से हक का पैसा मांगने में नाकाम
रायपुर। रायपुर नगर निगम में आर्थिक संकट को लेकर नेता प्रतिपक्ष आकाश तिवारी ने महापौर और निगम परिषद पर निशाना साधा है। उन्होंने आरोप लगाया कि ट्रिपल इंजन की सरकार होने के बावजूद नगर निगम को राज्य सरकार से मिलने वाली करीब 272 करोड़ 13 लाख रुपये की राशि अटकी हुई है। तिवारी ने कहा कि निगम के पास छोटे-छोटे विकास कार्यों के लिए भी पर्याप्त राशि नहीं है, जिससे पार्षदों और ठेकेदारों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
आकाश तिवारी के मुताबिक राज्य सरकार से निगम को विभिन्न मदों में राशि प्राप्त होनी है। इसमें मुद्रांक शुल्क मद में 226 करोड़ रुपये, आबकारी/बार लाइसेंस मद में 39 करोड़ रुपये, चुंगी कर क्षतिपूर्ति मद में 3.35 करोड़ रुपये और संधारण/क्षतिपूर्ति मद में 3.78 करोड़ रुपये शामिल हैं। कुल राशि 272.13 करोड़ रुपये बताई गई है।
उन्होंने कहा कि राजधानी के 70 वार्डों में नाली, सड़क, स्ट्रीट लाइट और अन्य छोटे विकास कार्य प्रभावित हो रहे हैं। बड़े कार्यों के लिए भी पर्याप्त फंड उपलब्ध नहीं होने की बात कही। तिवारी ने कहा कि त्योहार के समय ठेकेदारों के भुगतान की स्थिति भी चिंता का विषय है।
नेता प्रतिपक्ष ने महापौर से सवाल किया कि जब निगम में भाजपा, प्रदेश में भाजपा और केंद्र में भी भाजपा की सरकार है, तो नगर निगम को अपने हक की राशि के लिए इंतजार क्यों करना पड़ रहा है। उन्होंने पूछा कि क्या महापौर मुख्यमंत्री और नगरीय प्रशासन मंत्री से निगम का पैसा दिलाने के लिए प्रभावी तरीके से मांग नहीं कर पा रही हैं।
तिवारी ने कहा कि निगम की आर्थिक स्थिति का सीधा असर विकास कार्यों और आम जनता पर पड़ रहा है। उन्होंने महापौर से इस मामले में स्थिति स्पष्ट करने और निगम की लंबित राशि जल्द दिलाने की मांग की।

