- संचालनालय स्तर के कर्मचारियों ने मंत्रालय की तर्ज पर भत्ता और प्रवेश पत्र की मांगों को लेकर अब आंदोलन की दिशा में कदम बढ़ा दिए हैं। इंद्रावती भवन में आयोजित संचालनालय कर्मचारी संघ की आपात बैठक में कर्मचारियों ने दो टूक कहा कि यदि मांगे पूरी नहीं हुईं तो प्रशासन के खिलाफ आंदोलन किया जाएगा।

रायपुर। इंद्रावती भवन में संचालनालय कर्मचारी संघ की अति आवश्यक बैठक आयोजित की गई, जिसमें संगठन की प्रबंध कार्यकारिणी सहित विभिन्न विभागों के कर्मचारी प्रतिनिधि शामिल हुए। बैठक का मुख्य मुद्दा मंत्रालय की भांति संचालनालय के कर्मचारियों को संचालनालय भत्ता प्रदान करने और सभी कर्मचारियों को मंत्रालय प्रवेश पत्र जारी किए जाने की लंबित मांगें रहीं।

बैठक में उपस्थित सदस्यों ने एकजुट होकर इन दोनों प्रमुख मांगों को लेकर अपनी नाराजगी व्यक्त की। सदस्यों का कहना था कि संचालनालय स्तर के कर्मचारी लंबे समय से उपेक्षित महसूस कर रहे हैं, जबकि वे प्रशासनिक व्यवस्था में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। कर्मचारियों ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि जल्द ही उनकी मांगों पर ठोस निर्णय नहीं लिया गया, तो वे आंदोलनात्मक रूप अपनाने के लिए बाध्य होंगे।
बैठक का संचालन संघ के अध्यक्ष जय साहू ने किया। इस दौरान महिला प्रकोष्ठ अध्यक्ष जगदीप बजाज, कार्यकारी अध्यक्ष संतोष वर्मा, कोषाध्यक्ष सुरेंद्र मार्कण्डेय, संगठन सचिव लोकेश वर्मा, प्रचार सचिव नितिन आठनकर, संयुक्त सचिव वृनिशा लकड़ा, भू-अभिलेख अध्यक्ष अमित शर्मा, ग्रामोद्योग अध्यक्ष त्रिदेव औसर और स्कूल शिक्षा अध्यक्ष वैभव साहू सहित कई सदस्य उपस्थित रहे।

सदस्यों ने कहा कि संचालनालय के कर्मचारियों की उपेक्षा अब और बर्दाश्त नहीं की जाएगी। संगठन ने सर्वसम्मति से निर्णय लिया कि दोनों मांगों के समाधान के लिए अब आंदोलनात्मक रुख अपनाया जाएगा।
